दक्षिणपंथी हिंदू समूहों

दक्षिणपंथी हिंदू समूहों के सदस्यों द्वारा मस्जिद के बाहर नारे लगाए गए, गांव में तनाव

दक्षिणपंथी हिंदू समूहों के सदस्यों द्वारा नारे लगाने के कारण इंदौर गांव में मची हड़कंप

अयोध्या में हिंदू संगठन द्वारा राम मंदिर निर्माण के लिए निकाली गई जनजागरण वाहन रैली पर इंदौर जिले के चंदनखेड़ी गांव में मंगलवार को पथराव किया गया है। इतना ही नहीं धन संग्रह के लिए निकाली गई इस रैली में शामिल लोगों को डंडों से भी पीटा गया एवं हमले से लगभग एक दर्जन लोगों के घायल होने की खबर आई है। जानकारी के मुताबिक़ निकाली गई जनजागरण रैली में छह गांवों के लोग शामिल हुए थे। घटना की शुरुआत तब हुई जब इंदौर जिले के एक मुस्लिम गांव में दक्षिणपंथी हिंदू समूहों के कुछ सदस्य राम मंदिर निर्माण के लिए चंदा इकट्ठा करने के लिए अपनी रैली को लेकर एक मस्जिद के सामने रुक गए और जहां उन्होंने देर रात तक नारे लगाए। जिससे वहां हड़कंप मच गया।

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हालांकि पुलिस ने देर रात तक स्थिति को नियंत्रण में लाने की कोशिश की। इस घटना के बाद इंदौर, गौतमपुरा, देपालपुर एवं चंद्रावतीगंज से भारी पुलिस बल वहां पहुंच गई और घटनास्थल पर देर शाम तक आइजी योगेश देशमुख, कलेक्टर मनीष सिंह, डीआइजी हरिनारायणाचारी मिश्र सहित अन्य अधिकारी के पहुंचने की भी खबर मिली है।

दक्षिणपंथी संगठनों ने हनुमान चालीसा का पाठ किया

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ग़ौरतलब है कि इस घटना के बाद गौतमपुरा टीआइ आरसी भास्‍करे को सस्‍पेंड करने के साथ ही एसडीओपी पंकज दीक्ष‍ित को हटाया गया है। बता दें कि उज्जैन के मुस्लिम बहुल बेगम बाग में इसी प्रकार की झड़प के तीन दिन बाद ही यह घटना सामने आई है। जब भारतीय जनता युवा मोर्चा द्वारा निकाली गई एक रैली में नारेबाजी हुई एवं जिसपर पथराव हुआ। वहीं मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने मंगलवार ने बताया कि झड़प गौतमपुरा पुलिस स्टेशन के तहत चंदनखेड़ी गांव में हुई है जब लगभग 200 लोगों की रैली मस्जिद के बाहर रुकी और जहां उन्होंने नारे लगाए। साथ ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि इससे दोनों समुदायों के सदस्यों के बीच पथराव शुरु हुआ है।

स्थानीय निवासियों ने कहा कि रैली में भाग लेने वालों ने मस्जिद के बाहर हनुमान चालीसा का जाप किया और तब अंदर प्रार्थना हो रही थी एवं स्थिति तब हिंसक हो गई जब उनमें से कुछ ने लोगों ने भगवा झंडे पकड़े एवं जय श्री राम के नारे लगाने आरंभ किए। इतना ही नहीं निवासियों ने कहा कि वे लोग मस्जिद के ऊपर चढ़ गए एवं मीनार को नुकसान पहुंचाने की चेष्टा भी की गई और घटना के वीडियो में यह बात भी सामने आईं कि कुछ हिंदू संगठन के सदस्यों ने एक घर को जलाने एवं कई वाहनों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की है।


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 मामले में दोनों तरफ से होंगी गिरफ्तारियां, अभी तक हुई कुल 15 लोगों की गिरफ़्तारी

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पुलिस महानिरीक्षक ने बताया कि दोनों तरफ से गिरफ्तारियां होंगी एवं मस्जिद के ऊपर चढ़ने वाले लोगों की पहचान और संबंधित धाराओं के तहत मामला भी दर्ज किया जाएगा। इस बीच उज्जैन में पथराव की घटना में पुलिस ने आठ और भी लोगों को गिरफ्तार किया है। यानी कुल 15 लोगों की गिरफ़्तारी हुई है। उनमें से पांच पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है। वहीं 10 अन्य पर हत्या और दंगा करने के कोशिश के लिए मामला दर्ज किया गया है। पुलिस बल द्वारा गिरफ्तार सभी 15 लोग बेगम बाग के निवासी हैं।

हालंकि रैली निकालने वालों में से किसी को भी अब तक गिरफ्तार नहीं किया गया है। साथ ही पुलिस अधीक्षक सत्येंद्र कुमार शुक्ला ने बताया कि तीन या चार लोगों को पथराव करते देखा गया है। उनकी पहचान अभी जारी है। वहीं कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने महत्त्वपूर्ण मुद्दा उठाते हुए कहा कि यदि विधानसभा सत्र रद्द कर दिया जाता है तो इस तरह के रैलियों को करने की अनुमति कैसे दी जाती है। अगर इनके पास अनुमति नहीं थी तो अब तक उनके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई है।

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