‘संविधान के आड़ में सरकार उसी का हनन कर रही है.’- संविधान विशेषज्ञ नदीम निकहत

नदीम निकहत जो पेशे से एक वकील और लॉ शोधकर्ता हैं उन्होंने संविधान दिवस के दिन डेमोक्रेटिक चरखा से ख़ास बातचीत की. उन्होंने कहा कि ये एक ऐसा गुलदस्ता है जिसमें अलग-अलग रंगों के फूल हैं लेकिन आज इसी गुलदस्ते को एकरंगा बनाने की साज़िश चल रही है. ऐसे में क्या संविधान का जो मोरल है वो ख़त्म हो जाएगा? या धीरे-धीरे संविधान की आत्मा को ही मारने की तैयारी चल रही है? देखें अनुप्रिया के साथ नदीम की ख़ास बातचीत.

(नदीम ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से वकालत में स्नातक किया है और गुजरात नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी से स्नातकोत्तर की पढ़ाई की है. इसके अलावा वो सामाजिक मुद्दों पर काफ़ी एक्टिव रहते हैं. फ़िलहाल नदीम लॉ के शोधकर्ता हैं.)


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