एंटी सीएए प्रदर्शन मामले में आरोपी जैनब सिद्दीकी के पिता को लखनऊ पुलिस ने हिरासत में लिया

 जैनब सिद्दीकी के पिता को लखनऊ पुलिस ने हिरासत में लिया

लखनऊ पुलिस ने पिछले साल दिसंबर में  संशोधित नागरिकता कानून (CAA) के खिलाफ़ राजधानी लखनऊ में हुए हिंसक प्रदर्शन के मामले के आरोपियों के खिलाफ़ एक बार दोबारा कार्रवाई  शुरू कर दी है। लखनऊ पुलिस ने हिंसक प्रदर्शनों में शामिल लोगों  के पोस्टर को एक बार फिर जारी किया हैं। इसके साथ ही बुधवार को पुलिस ने  प्रदर्शन में शामिल रहे आरोपी सामाजिक कार्यकर्ता जैनब सिद्दीकी के पिता नईम को हिरासत में ले लिया है। 

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नईम ने पुलिस पर अपने और परिवार के साथ मारपीट का लगाया  आरोप 

गिरफ्तार करने गए पुलिस पर जैनब सिद्दीकी ने आरोप लगाते हुए कहा कि उनके पिता को छुड़ाने आए जैनब के भाई और बहन को भी पुलिस ने पीटा। इस दौरान इस पूरे घटना का वीडियो सामने आया है जिसमें पुलिस और जैनब के परिवार में बहस हो रही है।  

सीएए व एनआरसी को लेकर पुलिस पर सवालिया निशान-महिलाओं के साथ हुई झड़प

जैनब ने पूरी घटना के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा कि 5 नवंबर को रात करीब आठ बजे पुलिस ने उनके घर आकर पूछा कि क्या आपकी बेटी CAA और NRC आंदोलन में है तो परिवार वालों ने कहा कि वो तो महिला संगठन में काम करती हैं। जिसके बाद वो लौट गए और करीब एक से डेढ़ घंटे  बाद लौट के आए और लाठी-डंडे से मारना शुरू कर दिया। जैनब  के मुताबिक उनकी छोटी-छोटी बहनें हैं उन्हें सड़क पर दौड़ा-दौड़ाकर पीटा और बदसलूकी की। इसके बाद पिता को पुलिस वाले पकड़ कर हसनगंज़ थाने ले गए। बहन और मां को भी थाने में बिठा रखा था।

लखनऊ पुलिस ने आरोपों को खारिज़ करते हुए बताया इसे कानूनी प्रक्रिया

वहीं दूसरी ओर हसनगंज थाना के अधिकारी ने इस मामले में कहा ये कार्यवाही स्पेशल ब्रांच के तरफ से कि गई है। आपको बता दें इस ब्रांच को एंटी सीएए प्रोटेस्ट के कारण बनाया गया था और ये कार्यवाही उन्हीं के तरफ से की गई है।

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पुलिस के मुताबिक यह प्रदर्शनकारी पिछले साल 19 दिसंबर को लखनऊ में सीएए के विरुद्ध हुए प्रदर्शन के दौरान हिंसा में शामिल थे और हिंसा भड़का रहे थे। जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और बड़े पैमाने पर सार्वजनिक संपत्ति का नुकसान हुआ था। और इसी मामले में बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ़ अलग-अलग़ थानों में मामले दर्ज़ कर उनकी गिरफ्तारी की गयी थी।

जैनब सिद्दीकी ने इंसाफ़ की मांग़ करते हुए लोगो से साथ आने की अपील की

फिलहाल जैनब सिद्दीकी ने इस गिरफ्तारी को  पुलिस की गुंडागर्दी बताते हुए उनपर खुले आम दमन का आरोप लगते हुए लखनऊ के लोगों से अपील की है कि “हमे एक जुट होकर आना होगा वरना ये विरोधी ताकते सत्ते के नशे में बेगुनाह और मजलूमों पर दमन करते रहेंगे।”वहीं पुलिस के इस अचानक हुई कार्यवाही से सवाल उठना शुरू हो गया है कि योगी सरकार लगातार CAA का विरोध करने वाले को निशाना क्यों बना रही हैं।

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