बिहार मदरसा बोर्ड संशोधन बिल 2024 विधानसभा में पारित, शिक्षा मंत्री ने कहा “सरकार सुरक्षा के अलावा आपके विकास और कल्याण के लिए व्यवस्था करेंगी.”

विधानसभा में राज्य मदरसा शिक्षा बोर्ड संशोधन विधेयक 2024 भी ध्वनि मत से पारित हो गया. शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने इसे सदन के पटल पर रखते हुए कहा है कि यह मदरसों में पढ़ने वाले बच्चों के हित में है.

बिहार विधानसभा का गुरुवार का दिन काफी ऐतिहासिक रहा. एक दिन में बिहार विधानसभा में 10 विधेयकों को पास करा दिया गया. विधानसभा में राज्य मदरसा शिक्षा बोर्ड संशोधन विधेयक 2024 को भी ध्वनि मत से पास करा लिया गया है. शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने मदरसा शिक्षा बोर्ड विधेयक 2024 विधानसभा में पेश किया था. बिल को पेश करते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा कि इससे बिहार मदरसा बोर्ड का स्टेटस बढ़ेगा और मदरसा में शिक्षा का स्तर बढ़ेगा.

संशोधन विधेयक संविधान की किसी भी धारा के ख़िलाफ़ नहीं – शिक्षा मंत्री

शिक्षा मंत्री ने आगे कहा कि बिहार के अल्पसंख्यक समुदाय के लोग अच्छी तरह से यह बात समझते हैं कि नीतीश कुमार ने उनके विकास के लिए बहुत काम किया है और वह आगे भी काम जारी रखेंगे. विपक्ष विधायकों ने इस पर अपनी आपत्ति भी दर्ज कराई, जिस पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि यह संशोधन विधेयक संविधान के किसी भी धारा के खिलाफ नहीं लाया गया है.

विजय कुमार चौधरी ने कहा कि विपक्ष बस यूं ही संविधान का हवाला दिए जा रहा है. मैं इतना साफ कर देना चाहता हूं कि हमारी सरकार नीतीश कुमार के नेतृत्व में काम कर रही है और नीतीश कुमार किसी भी सियासी दल से अधिक कानून के मुताबिक काम करने पर आमादा है.

चौधरी ने आगे कहा कि हम सूबे के अल्पसंख्यकों को इत्मीनान दिलाना चाहते हैं कि वह सभी बेफिक्र रहे. नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए की सरकार चल रही है. यह सरकार आपकी हिफाजत के अलावा आपके विकास और कल्याण के लिए सारे इंतजाम करेगी.

इस विधेयक के पास होने पर शिक्षा मंत्री ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि इस संशोधन बिल से मदरसों में चल रहे सिलेबस में कोई भी बदलाव नहीं लाया जाएगा. सरकार का उद्देश्य है कि मदरसों में पढ़ने वाले बच्चे दीनी तालीम के साथ-साथ प्रोफेशनल एजुकेशन की भी शिक्षा प्राप्त करें, ताकि वह किसी भी फील्ड में पीछे ना रह जाए. मदरसों में जो सिलेबस और कार्यक्रम चल रहा है उसमें किसी भी तरह के तब्दीली नहीं की जाएगी.

सरकार मदरसा बोर्ड का करेगी गठन

अब मदरसों में अध्यक्ष पद पर अधिक योग्य लोग बहाल किए जाएंगे. साथ ही प्रशासक की भी नियुक्ति की जाएगी, जो सचिव स्तर के अधिकारी होंगे. अगर 3 महीने तक मदरसा बोर्ड विघटित रहता है तो सरकार खुद बोर्ड का गठन करेगी.

मालूम हो कि गुरुवार को सदन से बिहार अपराध नियंत्रण विधेयक 2024, बिहार लोक सुरक्षा (उपाय) प्रवर्तन विधेयक 2024, बिहार तकनीकी संवा आयोग (संशोधन) विधेयक 2024, बिहार कराधान विवादों का समाधान विधेयक 2024, बिहार मूल्यवर्धित कर (संशोधन) विधेयक 2024, बिहार राज्य बाल श्रमिक आयोग (संशोधन) विधेयक 2024, बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड (संशोधन) विधेयक 2024, बिहार राज्य मदरसा शिक्षा बोर्ड (संशोधन) विधेयक 2024, बिहार राज्य अल्पसंख्यक आयोग (संशोधन) विधेयक 2024 और बिहार राज्य महिला आयोग संशोधन विधेयक 2024 को पास कराया गया था.