अभिनेत्री वहीदा रहमान को बॉलीवुड में उनके काम के लिए इस साल का दादा साहब फाल्के लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड दिया जा रहा है. केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने आज इसकी जानकारी ट्विटर पर दी है.
अनुराग ठाकुर ने ट्वीट कर लिखा है की वहीदा रहमान को हिंदी फिल्म प्यासा, कागज के फूल, चौधवी का चांद, साहेब बीवी और गुलाम, गाइड, खामोशी और भी कई फिल्मों में उनके अहम योगदान को देखते हुए दिया जा रहा है. 85 वर्षीय वहीदा रहमान को साल 1972 में पद्मश्री और 2011 मैं पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था.
अनुराग ठाकुर ने इस ट्विट में आगे नारी शक्ति वंदन अधिनियम की भी चर्चा की है. उन्होंने लिखा है कि जब संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पास हुआ उस समय वहीदा रहमान को इस सम्मान को देना भारतीय सिनेमा की महिलाओं के लिए एक अच्छा ट्रिब्यूट है. साथ ही उन्होंने लिखा है की वहीदा रहमान ने समाज के लिए काफ़ी योगदान और इतना काम किया है.
फिल्म जगत में “दादा साहब फाल्के अवार्ड” को सबसे बड़ा सम्मान माना जाता है.
यह सम्मान फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को उनके योगदान के लिए दिया जाता है. इसे साल में एक बार आयोजित किया जाता है, जिसकी स्थापना साल 1969 में की गई थी.
पुरस्कार जीतने वाले को 10 लाख रुपए नगद के तौर पर एक स्वर्ण कमल और एक शॉल सम्मान के तौर पर दिया जाता है.





