Patna: मौर्यालोक के फुटपाथ दुकानदारों का धरना, पुलिस हटा रही दुकान

विकास के इस रफ्तार में फुटपाथी दुकानदार को ही रोड़ा मानकर हर बार कुचला जाता है. सोमवार को पटना के मौर्यालोक के फुटपाथी दुकानदारों ने नगर आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन किया है.

पटना के मौर्यालोक के बाहर बैठने वाले फुटपाथी दुकानदारों ने नगर आयुक्त के खिलाफ सोमवार को प्रदर्शन किया. दुकानदार सोमवार को पटना के नगर निगम कमिश्नर के पास अपनी मांगों को लेकर पहुंचे.

दुकानदारों का कहना है कि उन्हें शहर के सौंदर्यीकरण के नाम पर जगह-जगह से हटाया जा रहा है. कभी पटना के मेट्रो कंस्ट्रक्शन को लेकर दुकानों को तोड़ दिया जाता है, तो कभी स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत होने वाले कामों की वजह से दुकानों को हटवा दिया जाता है.

सामानों को जब्त, दुकानों को तोड़ दिया जाता है – शहाबुद्दीन

विकास के इस रफ्तार में फुटपाथी दुकानदार को ही रोड़ा मानकर हर बार कुचला जाता है. दुकानदारों की मांग है कि उन्हें अगर हटाया जाता है तो कोई वैकल्पिक व्यवस्था की जाए.

पूरे जिले के फुटपाथी दुकानदारों ने आज मौर्यालोक के बाहर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया है. दुकानदारों ने कहा कि अगर उनकी मांगे नहीं सुनी गई तो आगे चलकर बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा.

फुटपाथ दुकानदार शहाबुद्दीन ने बताया कि कई बार उनके सामानों को जब्त कर लिया जाता है. दुकानों को तोड़ दिया जाता है और सामान लेने जाने पर उन्हें काफी परेशान किया जाता है.

प्रदर्शन में विधायक महबूब आलम ने बताया है कि बिहार सरकार और भारत सरकार ने फुटपाथ दुकानदारों के संरक्षण के लिए स्ट्रीट वेंडर प्रोटेक्शन ऑफ़ एक्ट 2014 बनाया है लेकिन दुकानदारों को फिरभी परेशान किया जाता है. फुटपाथ दुकानदार देश की सेवा करते हैं. देश की जीडीपी का 14% हिस्सा इन्हीं दुकानदारों का है.